Connect with us

न्यूज और गॉसिप

पढ़िए परिवार के आरोप, शेखर सुमन-संदीप सिंह कर रहे सुशांत की मौत पर राजनीति

Published

on

Film प्रचार

फिल्म प्रचार डेस्क

सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद पुलिस तमाम कोणों से जांच कर रही है लेकिन अब ऐसे भी आरोप लगने लगे हैं कि कुछ लोग इस स्थिति का फायदा उठा कर अपनी राजनीति चमकाने में लग गए हैं। इनमें सबसे ऊपर बिहार से आने वाले ऐक्टर शेखर सुमन और सुशांत के दोस्त कहे जाने वाले फिल्म निर्माता संदीप सिंह है। दो दिन पहले दोनों ही पटना में सुशांत के घर गए थे और उसके बाद इन्होंने लालू यादव के राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के बैनर तले प्रेस कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लिया था। इसमें इन लोगों ने सुशांत की मौत की सीबीआई जांच की जोरशोर से मांग की थी। मजे की चर्चा यह भी है कि प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद शेखर सुमन राजद में शामिल हो गए हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के नेतृत्व में हुई थी। उल्लेखनीय है कि आने वाले अक्तूबर-नवंबर में बिहार में विधानसभा चुनाव होने हैं। शेखर सुमन का राजनीति की तरफ झुकाव सभी जानते हैं। एक बार वह राज्य में कांग्रेस के टिकट पर चुनाव भी लड़ चुके हैं। तेजस्वी यादव के साथ उनकी प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या सुशांत की मौत को मुद्दा बना रहे शेखर सुमन इन चुनावों में राजद के टिकट पर चुनाव लड़ेंगे।

मीडिया में आई खबरों के अनुसार सुशांत के परिवार ने उनके बेटे की मौत पर राजनीति किए जाने पर सख्त आपत्ति की है। पारिवारिक सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि जब मुंबई पुलिस जांच कर रही है तो पटना में एक राजनीतिक दल के बैनर तले सुशांत की मौत को मुद्दा बनाना सिर्फ राजनीतिक फायदा उठाने की ही कोशिश है। परिवार ने कहा कि सीबीआई जांच की मांग करने के लिए वे लोग खुद सक्षम हैं और किसी राजनेता या राजनीतिक दल को ऐसा करने की जरूरत नहीं है। सुशांत के परिवार में राजनीति से जुड़े लोग पहले से हैं। परिवार ने कहा है कि उन्हें किसी ने यह नहीं बताया था कि यहां से जाने के बाद शेखर सुमन और संदीप सिंह राजनीतिक दल की प्रेस कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेंगे।

खबरों के मुताबिक सुशांत का परिवार संदीप सिंह से इस बात के लिए सख्त नाराज है कि उन्होंने इस अभिनेता की मौत के बाद सबको क्लीन चिट दे दी। संदीप ने कहा कि जैसा हम लोग संदेह कर रहे हैं, वह गलत है। सुशांत की मौत में कुछ भी संदेहजनक नहीं है। परिवारजनों को संदेह है कि सुशांत की मौत में संदीप सिंह क्लीन चिट जारी करते हुए फिल्म इंडस्ट्री कई लोगों को प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रूप से बरी करे हैं। जिनकी वजह से सुशांत भारी तनाव और अवसाद में थे। सुशांत की मौत के दिन से ही संदीप सिंह काफी सक्रिय दिख रहे थे। वह सुशांत की पूर्व गर्लफ्रेंड अंकिता लोखंडे को लेकर श्रद्धांजलि देने के लिए उनके बांद्रा स्थित फ्लैट पर पहुंचे थे। इसके बाद से वह लगातार मीडिया में सुशांत तथा अंकिता के प्रेम को लेकर बातचीत कर रहे थे।

सामना ने की थी आपत्ति

सुशांत की मौत के बाद बने माहौल और पुलिस पर अतिरिक्त जांच के दवाब को लेकर मुंबई से प्रकाशित शिवसेना के मुखपत्र सामना ने बीते रविवार को कड़ी आपत्ति जाहिर की थी। सांसद-संपादक संजय राउत ने लिखा था कि सुशांत की मौत पर उत्सव जैसा माहौल बना दिया गया है और इस घटना की मार्केटिंग की जा रही है। इसीलिए पुलिस भी उसकी खुदकुशी और जड़ तक जा रही है। उन्होंने लिखा कि मीडिया भी इस घटना का इस्तेमाल टीआरपी के लिए कर रहा है। जबकि इसी दौरान पुलिस ने आम लोगों की आत्महत्याओं के केस एक-दो दिन की जांच के बाद बंद कर दिए। इस आलेख में उन्होंने साफ लिखा कि सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में साफ है कि ये हत्या नहीं है।


Film प्रचार